30 अक्टूबर को मुंबई के नवी मुंबई में RA Studio में dramatic police operation, 50 साल के Rohit Arya ने fake audition के बहाने बच्चों को लिया बंधक, 3.5 घंटे की करतूत के बाद Encounter में मारे गए
Rohit Arya Encounter : मुंबई के Powai इलाके में 30 अक्टूबर को एक shocking घटना हुई जिसने पूरे शहर को सकते में डाल दिया। 50 साल के Rohit Arya ने RA Studio में 17 बच्चों और 2 adults को बंधक बना लिया। Arya ने बच्चों को fake web series audition के नाम पर बुलाया था। लगभग 100 बच्चों को invitation दिया गया लेकिन 83 को जाने दिया और 17 को studio में lock कर दिया। Mumbai Police को दोपहर 1:45 बजे distress call मिली। 3.5 घंटे की तनावपूर्ण standoff के बाद जब Arya ने police पर air gun से गोलियां चलाईं तो police ने single round fire किया जिसमें वह chest पर लगी गई और encounter में मारे गए।
Rohit Arya Encounter : आर्य कौन था और उसके मकसद क्या थे
Rohit Arya एक education project से जुड़ा हुआ आदमी था। उसने “Swachhata Monitor” नाम का एक project चलाया था जो school cleanliness से related था। Arya का claim था कि Maharashtra education department उसे ₹2 crore का dues देता है जो अभी तक payment नहीं हुआ। उसने 2024 में former minister Deepak Kesarkar के खिलाफ hunger strike भी की थी।
इस incident के बाद Deepak Kesarkar ने खुद से बयान दिया कि उन्होंने Arya को cheque के through पैसे दिए हैं। लेकिन government के तरीके से पूरी payment के लिए सभी formalities complete करने थीं। Kesarkar का कहना है कि Arya को proper channels के through complaint करनी चाहिए थी, लेकिन उसने violence का रास्ता चुना।
Rohit Arya की background की मुख्य बातें:
- उम्र: 50 साल
- Project: Swachhata Monitor, Mera School Ek Sundar School
- Dues का दावा: ₹2 करोड़
- पिछली कार्रवाई: 2024 में Deepak Kesarkar के खिलाफ hunger strike
- Mental state: Questionable
Police Operation कैसे संपन्न हुआ
दोपहर 1:45 को जब police को call मिला तब Quick Response Team, bomb squad और fire brigade तेजी से scene पर पहुंच गई। Arya ने studio को lock कर दिया और alarm sensors लगा दिए ताकि कोई अंदर न जा सके। उसका कहना था कि अगर कोई गलत कदम उठाया तो वह पूरे studio को आग लगा देगा।

Rohit Arya Encounter से पहले Police ने लगभग 2 घंटे तक negotiate करने की कोशिश की लेकिन Rohit Arya ने cooperation नहीं की। उसने एक video भी release किया जिसमें कहा कि वह बच्चों को hurt करना नहीं चाहता, बल्कि सिर्फ अपने dues के लिए बात करना चाहता है। लेकिन जब police को लगा कि अब बातचीत से कुछ नहीं होगा तब action लिया गया।
Police Operation की Timeline:
- 1:45 PM: Emergency call मिली
- 2:15 PM: Arya ने video release किया
- 2:45 PM: बच्चों को रोते हुए देखा गया
- 3:15 PM: Police ने building के duct से entry की planning शुरू
- 4:30 PM: Final warning के बाद police ने एक round fire किया
- 4:45 PM: सभी 17 बच्चे safely rescue हो गए
Rescue Operation और बच्चों की सुरक्षा
Police ने bathroom और glass wall को cut करके entry की। Fire brigade की help से two teams एक साथ अलग-अलग जगह से enter किए। जब Arya ने air gun से police पर shots fire किए तो police ने self-defense में एक round bullet चलाया जो Arya के chest पर लगा। सभी 17 बच्चे safe निकाल लिए गए और L&T की school bus से उन्हें hospital ले जाया गया।
बच्चों को जहां तक पता चला उन्हें कोई physical injury नहीं पहुंची। सभी को psychologically support देने के लिए counseling का arrangement किया गया। Parents को बाद में hospital में ही उनके बच्चों के पास जाने दिया गया।
Legal और Administrative Questions
इस incident के बाद legal experts ने magisterial inquiry मांगी है। Police का कहना है कि उन्होंने protocol के हिसाब से सही कदम उठाया। Commissioner Deven Bharti ने कहा कि Rohit Arya ने first fire किया तो police ने self-defense में जवाब दिया। लेकिन सवाल उठ गए हैं कि क्या administrative system में कोई fault था जो Rohit Arya को इतना desperate बना दिया,
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